Friday, October 30

जबलपुर : मध्यप्रदेश में विकास योजनाओं की निगरानी करेंगे CM फेलोज, 2027 को युवा वर्ष के रूप में मनाएगी सरकार

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने पांच दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का किया शुभारंभ, कहा—योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना युवाओं की प्राथमिकता हो

जबलपुर, 15 अक्टूबर। मध्यप्रदेश सरकार विकास योजनाओं और जनकल्याणकारी कार्यक्रमों के प्रभावी क्रियान्वयन तथा मूल्यांकन में युवाओं की भागीदारी बढ़ाने जा रही है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मुख्यमंत्री यंग प्रोफेशनल्स फॉर डेवलपमेंट प्रोग्राम के तहत चयनित सीएम फेलोज से कहा कि वे सरकारी योजनाओं की जमीनी स्थिति का आकलन करें और क्रियान्वयन में सामने आने वाली कमियों को दूर करने में प्रशासन का सहयोग दें।

अटल बिहारी वाजपेयी सुशासन एवं नीति विश्लेषण संस्थान में पांच दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश के सभी 55 जिलों से चयनित युवा प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूत बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। उन्होंने युवाओं से नौकरी तक सीमित रहने के बजाय जनसेवा और प्रदेश के विकास को अपने दायित्व का हिस्सा बनाने का आह्वान किया।

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मुख्यमंत्री ने वर्ष 2027 को युवा वर्ष के रूप में मनाने की घोषणा का उल्लेख करते हुए कहा कि इस दौरान युवाओं के लिए विभिन्न गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। उन्होंने समय प्रबंधन, विनम्र व्यवहार, बेहतर संवाद, आत्मविश्वास और नवाचार को सफलता का आधार बताया। प्रशिक्षण में डाटा विश्लेषण, जिला प्रशासन की कार्यप्रणाली और विभिन्न सरकारी विभागों की योजनाओं से संबंधित जानकारी दी जाएगी। इस अवसर पर ग्लोबल विलेज फाउंडेशन और सुशासन संस्थान के बीच एमओयू भी हुआ।


जबलपुर : पैराक्वेट डाइक्लोराइड पर मध्यप्रदेश में प्रतिबंध, बचा हुआ स्टॉक नष्ट करने के निर्देश

मानव और पशुओं के लिए अत्यंत विषैला रसायन, निर्माता कंपनियों को बिक्री और भंडारण रोकने के आदेश

जबलपुर, 15 अक्टूबर। मध्यप्रदेश शासन ने खतरनाक खरपतवारनाशक रसायन पैराक्वेट डाइक्लोराइड के उपयोग पर प्रतिबंध लगाते हुए संबंधित निर्माता कंपनियों को बिक्री और भंडारण रोकने के निर्देश दिए हैं। कंपनियों से पंजीकरण प्रमाणपत्र वापस करने तथा उपलब्ध स्टॉक को निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार नष्ट करने की कार्रवाई करने को कहा गया है।

यह रसायन पौधों के हरे हिस्सों को तेजी से सुखाने के लिए इस्तेमाल किया जाता है और ग्रामोक्सोन जैसे व्यापारिक नामों से भी जाना जाता है। इसके संपर्क में आने या शरीर में पहुंचने से फेफड़ों और गुर्दों को गंभीर नुकसान हो सकता है। यह मनुष्यों और पशुओं के लिए अत्यंत विषैला है तथा विषाक्तता की स्थिति में इसका कोई विशिष्ट प्रतिविष उपलब्ध नहीं है।

कृषि विभाग के अनुसार, कुछ किसान मूंग की फसल की कटाई से पहले पत्तियां सुखाने के लिए इसका इस्तेमाल करते रहे हैं, जबकि मूंग में इसके उपयोग की अनुमति नहीं थी। सरकार ने संबंधित कंपनियों को शेष स्टॉक वापस लेकर नियमों के अनुरूप नष्ट करने के निर्देश दिए हैं। किसानों को भी ऐसे खतरनाक रसायनों के अवैध उपयोग से बचने और फसल प्रबंधन के लिए स्वीकृत विकल्प अपनाने की आवश्यकता है।


जबलपुर : उमरिया के कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे CM मोहन यादव, जबलपुर एयरपोर्ट से भोपाल रवाना

डुमना एयरपोर्ट पर जनप्रतिनिधियों और भाजपा पदाधिकारियों ने की मुलाकात

जबलपुर, 15 अक्टूबर। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 14 अक्टूबर को उमरिया जिले के मानपुर विधानसभा क्षेत्र के ग्राम गुरुवाही में आयोजित स्थानीय कार्यक्रम में हिस्सा लिया। वे भोपाल से विमान द्वारा दोपहर 1:07 बजे जबलपुर के डुमना एयरपोर्ट पहुंचे। इसके बाद हेलीकॉप्टर से गुरुवाही के लिए रवाना हुए।

कार्यक्रम में शामिल होने के बाद मुख्यमंत्री शाम को वापस डुमना एयरपोर्ट पहुंचे और 4:48 बजे विमान से भोपाल के लिए रवाना हो गए। एयरपोर्ट पर विधायक संतोष बरकड़े, भाजपा नगर अध्यक्ष रत्नेश सोनकर, ग्रामीण अध्यक्ष राजकुमार पटेल और जेडीए अध्यक्ष संदीप जैन सहित अन्य पदाधिकारियों ने मुख्यमंत्री से मुलाकात की। इस दौरान प्रशासनिक अधिकारी भी मौजूद रहे।


जबलपुर : जनगणना-2027 की तैयारी तेज, दूसरे चरण के लिए अधिकारियों को दिया गया प्रशिक्षण

जनसंख्या गणना की प्रक्रिया, कार्यप्रणाली और निर्धारित दिशा-निर्देशों पर हुई चर्चा

जबलपुर, 15 अक्टूबर। जनगणना-2027 के दूसरे चरण की तैयारियों के तहत जबलपुर कलेक्ट्रेट के सभाकक्ष में जिला स्तरीय प्रशिक्षण आयोजित किया गया। इसमें अधिकारियों और कर्मचारियों को जनसंख्या गणना की प्रक्रिया, कार्यप्रणाली तथा निर्धारित दिशा-निर्देशों की जानकारी दी गई।

कलेक्टर एवं प्रमुख जिला जनगणना अधिकारी राघवेन्द्र सिंह के मार्गदर्शन में आयोजित प्रशिक्षण में जनगणना कार्य निदेशालय, भोपाल के जिला प्रभारी सुधीर कुमार और मनोज नाथानी ने विभिन्न पहलुओं को विस्तार से समझाया। अधिकारियों ने आगामी चरण में निर्धारित प्रक्रियाओं के अनुसार कार्य करने और जिम्मेदारियों का सही तरीके से निर्वहन करने पर जोर दिया।

प्रशिक्षण में संयुक्त कलेक्टर एवं जिला जनगणना अधिकारी ऋषभ जैन सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, ग्रामीण चार्ज अधिकारी, अतिरिक्त चार्ज अधिकारी, तकनीकी सहायक और संबंधित कर्मचारी शामिल हुए। कार्यक्रम का उद्देश्य जनगणना के आगामी चरण को व्यवस्थित और प्रभावी ढंग से संपन्न कराने के लिए प्रशासनिक तैयारियों को मजबूत करना रहा।


जबलपुर : UPSC-MPPSC अभ्यर्थियों ने समझी कानूनी सहायता व्यवस्था, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण का किया दौरा

निःशुल्क कानूनी सहायता, नागरिक अधिकारों और न्याय व्यवस्था की कार्यप्रणाली से हुए परिचित

जबलपुर, 15 अक्टूबर। ज्ञान आश्रय निःशुल्क कोचिंग क्लासेस के यूपीएससी और एमपीपीएससी अभ्यर्थियों ने जिला विधिक सेवा प्राधिकरण का शैक्षणिक भ्रमण कर कानूनी सहायता व्यवस्था की जानकारी प्राप्त की। भ्रमण के दौरान जिला विधिक सहायक अधिकारी भागवत दयाल दीक्षित ने विद्यार्थियों को प्राधिकरण के उद्देश्यों, कार्यप्रणाली और जरूरतमंद नागरिकों को उपलब्ध निःशुल्क विधिक सहायता के बारे में बताया।

उन्होंने व्यावहारिक उदाहरणों के माध्यम से समझाया कि किसी भी विवाद या परिस्थिति का सही आकलन करने के लिए सभी पक्षों को सुनना जरूरी है। छह और नौ के उदाहरण के जरिए उन्होंने दृष्टिकोण के महत्व को स्पष्ट किया। विद्यार्थियों ने कानूनी अधिकारों और विधिक सेवाओं से जुड़े सवाल भी पूछे, जिनका अधिकारियों ने समाधान किया।

इस शैक्षणिक भ्रमण में कोचिंग के सहायक संचालक संतोष सेंगर, प्रबंधक बलराम प्रजापति, शिक्षक कमलाकर सतनामी, पी. साईं हेमंत और एडवोकेट अतुल कुशवाह सहित अभ्यर्थी उपस्थित रहे। इस पहल से प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवाओं को कानून और न्याय व्यवस्था की व्यावहारिक समझ विकसित करने का अवसर मिला।