
आरबीआई की सलाह—समय रहते नामांकन दर्ज करें या अपडेट कराएं, ताकि जरूरत के समय परिवार को धन और जमा संपत्ति से जुड़े दावों में अनावश्यक परेशानी न हो
(SDNA) | नई दिल्ली। बैंक में जमा आपकी मेहनत की कमाई हो या सुरक्षित जमा लॉकर में रखे कीमती सामान, भविष्य की अनिश्चितताओं के बीच अपने परिवार के हितों की सुरक्षा के लिए एक जरूरी कदम है—बैंक खाते और लॉकर में नामांकन (Nomination) की व्यवस्था को पूरा रखना।
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) लोगों को जागरूक करते हुए सलाह देता है कि वे अपने बैंक खातों और सुरक्षित जमा लॉकर में नॉमिनी का नाम दर्ज कराएं तथा जरूरत पड़ने पर नामांकन को अपडेट भी करते रहें। इससे खाताधारक की मृत्यु जैसी परिस्थितियों में परिवार के सदस्यों के लिए संबंधित बैंकिंग दावे की प्रक्रिया आसान बनाने में मदद मिल सकती है।
बैंक खाते में अधिकतम चार नॉमिनी रखने का विकल्प
बैंक खाते में नामांकन दर्ज करते समय खाताधारकों के पास एक से अधिक नॉमिनी चुनने का विकल्प है। लागू बैंकिंग नियमों के अनुसार, बैंक जमा खातों के लिए अधिकतम चार नॉमिनी दर्ज किए जा सकते हैं।
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नामांकन की व्यवस्था के तहत दो विकल्प उपलब्ध हैं:
1. एक साथ कई नॉमिनी: खाताधारक अधिकतम चार नॉमिनी के बीच निर्धारित हिस्से के अनुसार नामांकन कर सकता है। इस व्यवस्था में प्रत्येक नॉमिनी का हिस्सा स्पष्ट रूप से तय किया जा सकता है।
2. क्रमिक नामांकन: खाताधारक अधिकतम चार नॉमिनी को प्राथमिकता क्रम में दर्ज कर सकता है। इसमें तय क्रम के अनुसार नामांकन लागू होता है।
अपने खाते की प्रकृति और बैंक द्वारा उपलब्ध कराए गए विकल्पों के अनुसार सही व्यवस्था चुनना महत्वपूर्ण है।
सुरक्षित जमा लॉकर के लिए भी कराएं नामांकन
बैंक लॉकर में आभूषण, महत्वपूर्ण दस्तावेज या अन्य मूल्यवान वस्तुएं रखने वाले ग्राहकों को भी नामांकन की सुविधा पर ध्यान देना चाहिए। सुरक्षित जमा लॉकर के लिए अधिकतम चार नॉमिनी क्रमिक रूप से दर्ज करने का विकल्प उपलब्ध है।
लॉकर के नामांकन की जानकारी बैंक में सही और अद्यतन रखने से खाताधारक की मृत्यु के बाद लागू प्रक्रिया के अनुसार नामांकित व्यक्ति को लॉकर तक पहुंच और उसमें रखी वस्तुओं के दावे की प्रक्रिया में सहायता मिल सकती है।
नामांकन दर्ज कराने के लिए क्या करें?
अपने बैंक खाते और लॉकर में नॉमिनी दर्ज कराने या पुराना नामांकन बदलने के लिए इन कदमों पर ध्यान दें:
- ऑनलाइन सुविधा: आपका बैंक यह सुविधा उपलब्ध कराता है तो इंटरनेट बैंकिंग या मोबाइल बैंकिंग के माध्यम से नामांकन दर्ज अथवा अपडेट करने की प्रक्रिया पूरी करें।
- बैंक शाखा में आवेदन: संबंधित बैंक शाखा से नामांकन फॉर्म प्राप्त करें, आवश्यक विवरण भरें और निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार जमा करें।
- जानकारी की जांच: नॉमिनी का नाम, संबंध और अन्य आवश्यक विवरण सही भरें।
- समय-समय पर अपडेट: परिवार की परिस्थितियों में बदलाव होने पर नामांकन की समीक्षा करें और जरूरत के अनुसार संशोधन कराएं।
नामांकन क्यों है जरूरी?
नामांकन दर्ज होने से बैंकिंग दावों के निपटान में सुविधा मिल सकती है और परिवार को आवश्यक औपचारिकताओं के दौरान होने वाली परेशानी कम करने में मदद मिल सकती है। हालांकि, यह समझना भी जरूरी है कि नॉमिनी दर्ज करना अपने आप में उत्तराधिकार के सभी कानूनी अधिकारों का अंतिम निर्धारण नहीं है। नॉमिनी की भूमिका और अंतिम कानूनी अधिकार लागू कानून तथा संबंधित परिस्थितियों पर निर्भर करते हैं।
इसलिए बैंक खाते और लॉकर में नामांकन को अधूरा न छोड़ें। आज उठाया गया छोटा-सा कदम भविष्य में आपके परिवार के लिए महत्वपूर्ण साबित हो सकता है।
अधिक जानकारी के लिए भारतीय रिजर्व बैंक की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं:
https://rbikehtahai.rbi.org.in/hindi/index.html
आरबीआई का संदेश—नामांकन कीजिए, निश्चिंत रहिए!
(SDNA) — एस. डी. न्यूज़ एजेंसी



